या तो वह फकीर है य फिर वह नशे में है
आप नंग,बाप नंग, तीजे नंग नानके
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Quick pro quo
चंदा दो धंधा लो
अधूरी हसरतों का इल्जाम
हर बार हम पर लगाना भी ठीक नहीं
वफा खुद से नहीं होती
खता हमारी कहते हो
उन्हें यह फिक्र हैहरदम ki nyi तर्जे* अत्याचार *जफा क्या है
हमें भी शौक हैदेखे सितम की इंतहा क्या है
लश्कर भी तुम्हारा है
सरदार भी तुम्हारा है
झूठ को
सच लिख दो
अखबार भी तुम्हारा है
काम जज्बात के साथ करो जज्बाती होकर नहीं गजनी
Ye आंसू इसने अपनी तकदीर में खुद लिखे है
इन्हें रोकना भी इसे खुद सीखना होगा
अगर आदतें बदली न जाए तो वो जरूरतें बन जाती है
तूफान में कश्ति समुद्र में नहीं उतरनी चाहिए
डूबने का खतरा ज्यादा होता है DDLJ
बस इक बस एक कदम गलत उठा था रहे शौक में मंजिल तमाम उम्र मुझे ढूंढती रही
तमाम उम्र मंजिल मुझे ढूंढती रही
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